सेवा की कहानी : कच्चे घर की मुश्किलों से पक्के आशियाने तक पहुंची नीराबाई कश्यप की जिंदगी
A Story of Service: Neerabai Kashyap’s Journey from the Hardships of a Kuccha House to a Pucca Home

प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण से मिली सुरक्षित छत, शौचालय, महतारी वंदन और रोजगार गारंटी योजना ने बढ़ाया परिवार का संबल
पक्के घर के साथ मूलभूत सुविधाएं मिलने से बदली जीवन की तस्वीर, बेहतर भविष्य का बढ़ा भरोसा
रायपुर । सेवा संकल्प अभियान के तहत ‘सेवा की कहानी’ पहल के माध्यम से शासन की योजनाओं से लोगों के जीवन में आए सकारात्मक बदलावों की कहानियां सामने लाई जा रही हैं। जांजगीर-चांपा जिले के ग्राम पंचायत अमोरा, जनपद पंचायत नवागढ़ की श्रीमती नीराबाई कश्यप की कहानी भी बदलाव की ऐसी ही तस्वीर प्रस्तुत करती है। कभी कच्चे मकान और सीमित संसाधनों के बीच परिवार का जीवन चलाने वाली नीराबाई आज अपने परिवार के साथ पक्के और सुरक्षित घर में सुकून से रह रही हैं। विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिलने से उनके परिवार को सुरक्षित आवास के साथ स्वच्छता, रोजगार और आर्थिक सहयोग का संबल मिला है।
पक्के घर ने दी सुरक्षित छत और बेहतर भविष्य की उम्मीद
श्रीमती नीराबाई कश्यप का परिवार लंबे समय से कच्चे मकान में रह रहा था। बारिश और मौसम की विपरीत परिस्थितियों में परिवार को परेशानियों का सामना करना पड़ता था। ऐसे समय में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत वित्तीय वर्ष 2025-26 में आवास स्वीकृत हुआ। योजना के तहत पक्का मकान बनने के बाद परिवार को सुरक्षित और स्थायी छत मिली।
आज नीराबाई अपने परिवार के साथ इसी पक्के आशियाने में रह रही हैं। उनके लिए यह घर केवल एक भवन नहीं, बल्कि परिवार की सुरक्षा, सम्मान और बेहतर भविष्य की उम्मीद का आधार बन गया है। पक्के आवास ने मौसम की परेशानियों से राहत देने के साथ परिवार के जीवन में स्थायित्व का एहसास भी बढ़ाया है।
शौचालय से स्वच्छता और सम्मान, रोजगार से मिला आर्थिक संबल
प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के साथ नीराबाई के परिवार को स्वच्छ भारत मिशन के अंतर्गत शौचालय की सुविधा भी मिली। शौचालय उपलब्ध होने से परिवार को स्वच्छता और सुविधा के साथ सम्मानजनक जीवन जीने का अवसर मिला। पक्का घर और शौचालय जैसी मूलभूत सुविधाओं ने परिवार के जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव लाया।
श्रीमती नीराबाई कश्यप को महतारी वंदन योजना का लाभ भी मिल रहा है। वहीं रोजगार गारंटी योजना के तहत उन्हें 90 दिवस का रोजगार मिला है। इससे परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में आर्थिक सहयोग मिला और स्थानीय स्तर पर रोजगार का अवसर भी प्राप्त हुआ। विभिन्न योजनाओं से मिले लाभ ने परिवार को आर्थिक कठिनाइयों से उबरने और बेहतर जीवन की ओर आगे बढ़ने में सहयोग दिया है।
सुविधाओं से सुरक्षा तक, योजनाओं ने बदली जिंदगी
नीराबाई कश्यप की कहानी बताती है कि शासन की योजनाओं का लाभ जब जरूरतमंद परिवारों तक पहुंचता है, तो उसका प्रभाव जीवन के कई पहलुओं में दिखाई देता है। पक्का घर परिवार को सुरक्षित छत देता है, शौचालय स्वच्छता और सम्मान से जोड़ता है, जबकि रोजगार और आर्थिक सहायता परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में संबल प्रदान करते हैं।
सेवा संकल्प अभियान के तहत सामने आई नीराबाई कश्यप की यह कहानी कच्चे घर की कठिनाइयों से पक्के आशियाने तक के सफर को दर्शाती है। आज उनके परिवार के पास सुरक्षित छत, मूलभूत सुविधाएं और बेहतर भविष्य की ओर आगे बढ़ने का भरोसा है।
श्रीमती नीराबाई कश्यप ने शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं से मिले लाभ और सहयोग के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है।




