’सर्वाइकल कैंसर के खिलाफ सुरक्षा कवच बनी एचपीवी वैक्सीन, बेटियों के स्वस्थ भविष्य के लिए आगे आएं अभिभावक’
HPV vaccine becomes a protective shield against cervical cancer; parents should come forward for the healthy future of their daughters.

’राज्यभर में चल रहा विशेष टीकाकरण अभियान, 14 से 15 वर्ष की बालिकाओं को निःशुल्क लगाया जा रहा टीका’
रायपुर। किशोरी बालिकाओं को सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से राज्य में एचपीवी (ह्यूमन पेपिलोमावायरस) टीकाकरण अभियान को व्यापक रूप से संचालित किया जा रहा है। भारत सरकार के निर्देशानुसार 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की बालिकाओं को निःशुल्क एचपीवी वैक्सीन उपलब्ध कराई जा रही है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित इस अभियान का उद्देश्य बालिकाओं को भविष्य में सर्वाइकल कैंसर के खतरे से बचाते हुए उनके स्वस्थ एवं सुरक्षित जीवन की नींव को मजबूत करना है।
बलरामपुर जिले में कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी के मार्गदर्शन में अभियान प्रभावी रूप से संचालित हो रहा है। जिले में अब तक 2084 किशोरी बालिकाओं को एचपीवी वैक्सीन लगाई जा चुकी है। वहीं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सामरी में 150 के लक्ष्य के विरुद्ध 142 बालिकाओं का टीकाकरण किया गया है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा जिले के चिन्हांकित स्वास्थ्य संस्थानों में टीकाकरण का कार्य निरंतर जारी है।
कलेक्टर श्रीमती चंदन संजय त्रिपाठी ने अभिभावकों एवं किशोरियों से इस महत्वपूर्ण स्वास्थ्य पहल का लाभ उठाने की अपील करते हुए कहा कि एचपीवी वैक्सीन गर्भाशय ग्रीवा (सर्वाइकल) कैंसर की रोकथाम में अत्यंत प्रभावी और पूरी तरह सुरक्षित है। उन्होंने लोगों से किसी भी प्रकार की भ्रामक जानकारी पर ध्यान न देने तथा निर्धारित आयु वर्ग की बालिकाओं का समय पर टीकाकरण कराने का आग्रह किया।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और समय पर टीकाकरण ही गंभीर बीमारियों से बचाव का सबसे कारगर उपाय है। समाज में जागरूकता बढ़ाकर ही सर्वाइकल कैंसर जैसी बीमारी की रोकथाम संभव है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार सर्वाइकल कैंसर महिलाओं में कैंसर से होने वाली मृत्यु के प्रमुख कारणों में शामिल है। यह बीमारी ह्यूमन पेपिलोमावायरस (एचपीवी) संक्रमण के कारण होती है। किशोरावस्था में लगाया गया एचपीवी टीका संक्रमण से सुरक्षा प्रदान करता है और भविष्य में सर्वाइकल कैंसर की संभावना को काफी हद तक कम कर देता है।
बेटियों की सुरक्षा और स्वस्थ जीवन का मजबूत आधार
स्वास्थ्य विभाग ने राज्य के सभी अभिभावकों से अपील की है कि वे अपनी 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की बेटियों का एचपीवी टीकाकरण अवश्य कराएं। यह टीका न केवल उन्हें एक गंभीर बीमारी से सुरक्षा प्रदान करेगा, बल्कि उनके स्वस्थ, सुरक्षित और उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
राज्य के जिला चिकित्सालयों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा कोल्ड-चेन सुविधा युक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक निःशुल्क टीकाकरण किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से इस जनहितकारी अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने और अधिक से अधिक बालिकाओं को टीकाकरण का लाभ दिलाने की अपील की है।




