25 वर्षों की विकास यात्रा में छत्तीसगढ़ ने हर क्षेत्र में रचे नए कीर्तिमान : मुख्यमंत्री साय
In the 25 years of development journey, Chhattisgarh has created new records in every field: Chief Minister Sai

मुख्यमंत्री श्री साय आईबीसी 24 स्वर्ण शारदा स्कॉलरशिप 2025 में हुए शामिल : प्रदेश की मेधावी बेटियों को किया सम्मानित
मुख्यमंत्री श्री साय ने इस अवसर पर मेधावी छात्राओं को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि कड़ी मेहनत से सफलता अवश्य मिलती है। उन्होंने बेटियों से कहा कि आने वाले समय में उन्हें जो भी जिम्मेदारी मिले, उसे पूरी निष्ठा और ईमानदारी से निभाएं। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह पुरस्कार बेटियों के आत्मविश्वास को बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें आर्थिक सहयोग भी प्रदान कर रहा है। गरीब परिवारों के होनहार बच्चों के लिए यह स्कॉलरशिप उनके भविष्य निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी और यह उनके उच्च शिक्षा को आगे बढ़ाने में बेहद सहायक सिद्ध होगी।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ बनने से पूर्व हमारा अंचल लंबे समय तक विकास की दौड़ में पीछे रहा। श्रद्धेय अटल जी के प्रयासों से यह राज्य अस्तित्व में आया तथा इसकी विकास यात्रा शुरू हुई। उन्होंने कहा कि अब हमने प्रदेश के लिए एक विजन डॉक्यूमेंट के माध्यम से विकसित छत्तीसगढ़ का रोडमैप तैयार किया है, जिस पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। हर एक प्रदेशवासी के सहयोग और भागीदारी से हम विकसित छत्तीसगढ़ का सपना पूरा करेंगे। उन्होंने कहा कि शिक्षा ही विकास का मूल मंत्र है। पिछले 25 वर्षों में प्रदेश में राष्ट्रीय स्तर की कई शैक्षणिक संस्थाएं स्थापित हुई हैं। आईआईटी, आईआईएम, एम्स के साथ-साथ 10 से अधिक मेडिकल कॉलेज संचालित हो रहे हैं। प्रदेश के बच्चों का गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा का सपना अब साकार हो रहा है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आज युक्तियुक्तकरण के निर्णय से प्रदेश का कोई भी स्कूल शिक्षकविहीन नहीं है। कर्रेगुट्टा जैसे सुदूर अंचलों में, जहां कभी स्कूलों में ताले लगे रहते थे, वहां भी अब शिक्षक पहुंच चुके हैं। हमने शिक्षकों की व्यवस्था में मौजूद असंतुलन को दूर किया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ खनिज संपदा से भरपूर और औद्योगिक विकास की असीम संभावनाओं वाला प्रदेश है। नई औद्योगिक नीति के परिणामस्वरूप महज़ डेढ़ वर्ष में ही 6.50 लाख करोड़ रुपये से अधिक के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं। इस औद्योगिक नीति में रोजगार सृजन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। आने वाले वर्षों में युवाओं को प्रदेश में ही कौशल अनुरूप रोजगार मिलेगा और उन्हें बाहर जाने की आवश्यकता नहीं होगी।
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं ने मुख्यमंत्री से संवाद किया।गरियाबंद की प्रिया बघेल ने खेल प्रतिभाओं को बढ़ावा देने के संबंध में प्रश्न किया। इस पर मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि खेलो इंडिया सेंटर के माध्यम से राज्य के खिलाड़ियों की प्रतिभा निखारने और उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर का प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है। वहीं, खुशी देवांगन ने तकनीक और एआई से जुड़े सवाल पूछे, जिस पर मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में तकनीक-आधारित शिक्षा को प्रोत्साहन दिया जा रहा है और इसके लिए ठोस कदम उठाए गए हैं।
कार्यक्रम में प्रदेश के सभी जिलों से 12वीं कक्षा में जिला टॉपर और राज्य की प्रवीण्य सूची में स्थान पाने वाली छात्राओं को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर आईबीसी 24 समूह के चेयरमैन श्री सुरेश गोयल सहित गणमान्य नागरिक, प्रदेश भर से पहुंची छात्राएं और उनके परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित थे।




