छत्तीसगढ़

सुशासन तिहार 2026: जनसमस्या निवारण शिविरों से गांव-गांव तक पहुंचा समाधान और विकास का भरोसा

Good Governance Festival 2026: Problem-solving camps spread the promise of solutions and development to every village.

रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में प्रदेश में सुशासन को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से आयोजित सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविरों की शुरुआत प्रभावी रूप से हुई है। इस पहल के माध्यम से शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक सुनिश्चित करते हुए ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा रहा है।

इसी क्रम में बलरामपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत महाराजगंज से जिले के प्रथम शिविर का शुभारंभ हुआ, जिसमें आसपास की कई पंचायतों से बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। शिविर में पंजीयन काउंटर के माध्यम से प्राप्त आवेदनों का प्राथमिकता से निराकरण किया गया, जिससे लोगों को मौके पर ही राहत मिली।

शिविर में स्वास्थ्य, शिक्षा, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, राजस्व, कृषि, उद्यानिकी और पशुपालन सहित विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।

कलेक्टर श्री राजेंद्र कटारा एवं जनप्रतिनिधियों ने स्टॉलों का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान हितग्राहियों को आवास प्रमाण पत्र वितरित किए गए तथा आयुष्मान कार्ड भी प्रदान किया गया।

स्वास्थ्य सेवाओं के तहत मोबाइल मेडिकल यूनिट द्वारा ग्रामीणों का निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण किया गया, जिसमें रक्तचाप, शुगर जांच सहित विभिन्न बीमारियों की प्राथमिक जांच कर दवाइयों का वितरण किया गया। साथ ही गर्भवती महिलाओं की गोदभराई एवं शिशुओं का अन्नप्राशन कार्यक्रम भी संपन्न कराया गया, जिससे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ी।

मुख्यमंत्री श्री साय की मंशा के अनुरूप शिविरों में न केवल समस्याओं का समाधान किया जा रहा है, बल्कि लोगों को जागरूक भी किया जा रहा है कि वे झाड़-फूंक के बजाय अस्पतालों में उपचार कराएं और शासकीय स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ लें।

शिविर में कई प्रेरक उदाहरण भी सामने आए। राधाकृष्णनगर निवासी श्री गौतम सरदार को उनके राशन कार्ड मंस बच्चों का नाम जोड़ने की समस्या का तत्काल समाधान मिला। उन्होंने बताया कि लंबे समय से लंबित कार्य शिविर में तुरंत पूरा हो गया, जिससे उन्हें अनावश्यक भटकना नहीं पड़ा।

इसी प्रकार “मेरी कहानी, मेरी जुबानी” पहल के तहत ग्राम पचावल की श्रीमती अर्चना सिंह ने बिहान योजना से जुड़कर आत्मनिर्भर बनने की अपनी प्रेरक यात्रा साझा की। स्व-सहायता समूह से जुड़कर उन्होंने ऋण प्राप्त कर राइस मिल स्थापित की और आज सफलतापूर्वक संचालन करते हुए अन्य महिलाओं को भी रोजगार के लिए प्रेरित कर रही हैं।

जनजागरूकता के क्षेत्र में जनसंपर्क विभाग की जनमन पत्रिका भी प्रभावी माध्यम बन रही है। इसके माध्यम से ग्रामीणों को योजनाओं की पात्रता, लाभ और आवेदन प्रक्रिया की सरल जानकारी मिल रही है, जिससे लोग योजनाओं से जुड़कर लाभान्वित हो रहे हैं।
जनप्रतिनिधियों ने कहा कि सुशासन तिहार के माध्यम से शासन-प्रशासन गांव स्तर पर पहुंचकर समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित कर रहा है। साथ ही क्षेत्र में आधारभूत सुविधाओं के विस्तार—जैसे सड़क निर्माण और खेल मैदान स्वीकृति—से विकास को नई गति मिल रही है।

सुशासन तिहार 2026 प्रदेश में प्रशासन और जनता के बीच विश्वास को मजबूत करने का माध्यम बन रहा है, जहां समाधान, संवाद और विकास एक साथ दिखाई दे रहे हैं। यह पहल राज्य को सुशासन और जनकल्याण की दिशा में नई ऊंचाइयों की ओर अग्रसर कर रही है।

 

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